पुर्नगर में एक साधारण ट्रेकिंग यात्रा अचानक हत्या के मामलों में बदल गई, जब लोहगड़ किले के पास पहाड़ी घाटी में गिरते हुए एक युवा पुरुष की मौत के बाद उसकी प्रेमिका और उसके एक मित्र को हत्या के आरोप में गिरफ्तार किया गया। इस घटना ने सामाजिक मीडिया और स्थानीय जनसंख्या में हलचल मचा दी है, क्योंकि शुरुआती रिपोर्ट ने इसे एक मामूली दुर्घटना माना था, जबकि आगे के जांच में सामने आए गहरे साजिश के संकेत ने पूरे मामले को एक नई दिशा दी है। स्थानीय पुलिस ने बताया कि मृतक, 27 वर्षीय अभिजीत (नाम गुप्त), अपने साथियों के साथ लोहगड़ की चढ़ाई कर रहा था, जब वह अचानक एक गहरी खाई में गिर गया। प्रारम्भिक रूप से यह कहा गया था कि वह तस्वीर खींचते समय असंतुलन के कारण गिरा था। लेकिन जांच की अगली चरण में अधिकारियों ने पाया कि अभिजीत की गर्लफ्रेंड, पूजा (नाम गुप्त) और उनके मित्र, अजय (नाम गुप्त) ने उल्लेखनीय रूप से उपस्थित नहीं थे, जबकि दो मिनट से अधिक समय तक उनका स्थान ट्रैकिंग डिवाइस से गायब रहा। यह छूटती हुई जानकारी पुलिस को यह संकेत देती है कि शायद यह एक नियोजित कृत्य था, न कि साधारण दुर्घटना। पूरी जांच के बाद, पुलिस ने दो शिकारियों को हिरासत में ले लिया। आगे की जांच में पता चला कि पूजा और अजय ने अभिजीत को गहरी खाई में धकेल दिया, जिससे उसकी मौत हुई। पूछताछ के दौरान दोनों ने कहा कि वे अभिजीत के साथ एक बड़े शादि समारोह की योजना बना रहे थे, जहां पूजाि ने शादी के खर्चों को लेकर वित्तीय दबाव महसूस किया था। अभिजीत ने शादी की तैयारी के दौरान कई बार इस बात की निंदा की थी कि वह अपने करिअर को आगे बढ़ाने के लिए अधिक समय नहीं दे पा रहा था। यह तनाव और आर्थिक समस्याएँ अंततः इस घोर अपराध की जड़ बन गईं। अंत में, पुलिस ने इस कृति को पहली बार में ही मामूली दुर्घटना के रूप में वर्गीकृत करने की आलोचना को स्वीकार किया और कहा कि भविष्य में ऐसे मामलों में अधिक सतर्कता बरतने की आवश्यकता है। इस हादसे ने ट्रेकिंग के शौकीनों को भी चेतावनी दी है कि उन्हें अपने साथियों के व्यवहार और भावनात्मक स्वास्थ्य पर निरन्तर ध्यान देना चाहिए। न्यायालय में अब इस मुक़द्दमे की सुनवाई होगी, जहाँ अभिजीत के परिवार को न्याय दिलाने के साथ-साथ इस प्रकार के सामाजिक अपराधों को रोकने के लिए सख्त कदम उठाए जाने की आशा है।