नई दिल्ली – अमेरिकी विदेश सचिव मार्को रूबियो ने इस हफ्ते नई दिल्ली में भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मुलाकात की, जिसमें उन्होंने अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प की ओर से प्रधानमंत्री को "निकट भविष्य" में संयुक्त राज्य अमेरिका का दौरा करने का औपचारिक निमंत्रण दिया। यह मुलाकात दो देशों के बीच रणनीतिक संबंधों को और गहरा करने के उद्देश्य से आयोजित की गई थी, और इस दौरान रूबियो ने भारत-अमेरिका साझेदारी की वर्तमान प्रगति और भविष्य की संभावनाओं पर विस्तृत चर्चा की। रूबियो ने कहा कि भारत और यू.एस. के संबंधों ने कभी गति नहीं गंवाई है और दोनों देशों के बीच आर्थिक, रक्षा और तकनीकी सहयोग के कई अवसर मौजूद हैं। उन्होंने खास तौर पर भारत की तेज़ी से बढ़ती डिजिटल अर्थव्यवस्था और साफ़ ऊर्जा के क्षेत्रों में सहयोग को आगे बढ़ाने की बात की। गठबंधन को निर्यात एवं आयात में संतुलन बनाने, व्यापार बाधाओं को समाप्त करने और एक व्यापक मुक्त व्यापार समझौते को शीघ्र अंजाम देने की जरूरत पर ज़ोर दिया गया। रूबियो ने यह भी उल्लेख किया कि मध्य पूर्व के तनावपूर्ण माहौल में भारत-अमेरिका ने मिलकर शांति प्रक्रिया में योगदान दिया है, और इरान के परमाणु कार्यक्रम पर प्रगति का उल्लेख किया। प्रधानमंत्री मोदी ने रूबियो के शब्दों को स्वागत किया और माना कि भारत और अमेरिका दोनों ही चुनौतियों का सामना करने के लिए एक दूसरे के भरोसेमंद साझीदार हैं। उन्होंने बताया कि भारत की आर्थिक पुनरुज्जीवनी, औद्योगिक निवेश और शिपिंग क्षेत्र में सुधार के लिए अमेरिकी कंपनियों की सहभागिता को बढ़ाने की योजना है। दोनों पक्षों ने जलवायु परिवर्तन, स्वास्थ्य सुरक्षा और साइबर सुरक्षा जैसे वैश्विक मुद्दों पर सहयोग के नए आयाम खोलने पर भी सहमति व्यक्त की। मुलाकात के बाद दो पक्षों ने संयुक्त जॉइंट प्रेस कॉन्फ्रेंस में इस बात की पुष्टि की कि व्यापार सौदे को शीघ्रता से अंतिम रूप दिया जाएगा और इस दिशा में कई उच्च-स्तरीय वार्ताओं का शेड्यूल तैयार किया गया है। रूबियो की दिल्ली यात्रा के दौरान उन्होंने देश में तीव्र गर्मी का भी जिक्र किया और कहा कि "यहाँ की गर्मी बहुत तीव्र है, लेकिन हमें इस तरह की जलवायु परिवर्तन की चुनौतियों को साथ मिलकर सामना करना चाहिए"। उन्होंने भारतीय युवाओं के ऊर्जा से भरपूर मनोबल की प्रशंसा की और कहा कि युवा शक्ति ही भविष्य के सहयोग का मुख्य स्रोत होगी। अंत में, रूबियो ने ट्रम्प के संदेश को दोहराते हुए कहा, "प्रेसिडेंट ट्रम्प और मैं दोनों ही बहुत उत्साहित हैं कि आप जल्द ही हमारे साथ अमेरिकी धरती पर कदम रखें। यह यात्रा दोनों देशों के संबंधों में एक नया चरण खोलेगी"। यह निमंत्रण भारतीय राजनयिकों ने सकारात्मक रूप से स्वीकार किया और निकट भविष्य में आधिकारिक यात्रा की तैयारी शुरू करने का आश्वासन दिया।