विजय सरकार के तमिलनाडु मंत्रिमंडल में अब केवल एक ही महिला मंत्री हैं – एस. कीर्थना। 27 वर्षीया कीर्थना ने अपने राजनीतिक सफर की शुरुआत छोटी उम्र से ही की और आज वह विधान सभा में सीवरसेज (पैत्री उद्योग) के क्षेत्र में मंत्री के रूप में कार्यरत हैं। वह सिर्फ तमिलनाडु ही नहीं, बल्कि पूरे भारत में एक प्रमुख युवा नेता के रूप में उभरी हैं, क्योंकि वह पाँच भाषाएँ fluently बोलती हैं, जिनमें हिन्दी भी शामिल है। उसकी इस बहुभाषी कुशलता ने उसे राष्ट्रीय स्तर पर भी मान्यता दिलाई है। कीर्थना का जनजातीय पृष्ठभूमि, सिवाकासी के "पटाखा राजधानी" से है, जहाँ वह 2026 के विधानसभा चुनाव में टिवि के (TVK) उम्मीदवार के रूप में प्रथम महिला एमएलए के रूप में जीत हासिल कर चुकी हैं। उन्होंने अपने प्रतिद्वंद्वी, भारतीय राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी के आशोकन जी को 11,670 मतों से हरा दिया, जिससे यह दर्शाता है कि युवाओं और महिलाओं को सशक्त करने वाला उनका अभियान कितनी प्रभावी रहा। जीत के बाद, उन्हें तमिलनाडु के मुख्यमंत्री विजय ने विशेष रूप से फुटबॉल, खेल और युवा कल्याण के विभाग की जिम्मेदारी सौंपी, क्योंकि वह युवा वर्ग की आवाज़ को संसद तक पहुंचाने में सक्षम हैं। मुख्यमंत्री विजयी ने कहा कि कीर्थना का हिन्दी में प्रवाह और राष्ट्रीय राजनीति की समझ उन्हें केन्द्र सरकार के साथ बेहतर तालमेल स्थापित करने में मदद करेगा। वह पहले भारतीय जनता पार्टी के सहयोगी दल के रणनीतिक अभियान में भी काम कर चुकी थीं, जहाँ उन्होंने युवा वोट को आकर्षित करने के लिए नवीनतम डिजिटल रणनीतियों का उपयोग किया। इस अनुभव ने उन्हें कृषि, उद्योग, और सामाजिक कल्याण के क्षेत्रों में नीति निर्माण में एक मूल्यवान संसाधन बना दिया। कीर्थना ने अपने मान्यवर पद पर रहते हुए कई सामाजिक योजनाओं पर ध्यान केंद्रित किया है। उन्होंने सिवाकासी में महिलाओं के लिए विशेष स्वरोज़गार कार्यक्रम शुरू किए, जिससे स्थानीय अर्थव्यवस्था को प्रोत़्साहन मिला। इसके अलावा, उन्होंने ग्रामीण क्षेत्रों में शैक्षिक संस्थानों के सुधार और स्वास्थ्य सुविधाओं की पहुँच बढ़ाने के लिए भी कई पहलें शुरू की हैं। उनकी यह मेहनत न केवल उनके निर्वाचन क्षेत्र में बल्कि तमिलनाडु के अन्य हिस्सों में भी प्रशंसा का कारण बनी है। सारांश में कहा जाए तो एस. कीर्थना न केवल तमिलनाडु के मंत्रिमंडल की एकमात्र महिला हैं, बल्कि वह युवा, बहुभाषी और सामाजिक परिवर्तन की प्रेरणा भी हैं। उनकी सफलता यह दर्शाती है कि युवा महिलाओं के लिए राजनीति में उच्चतम पदों को प्राप्त करना संभव है, बशर्ते उन्हें उचित अवसर और समर्थन मिले। भविष्य में उनकी पहलें और उपलब्धियां तमिलनाडु के विकास के लिए एक मजबूत आधारशिला बनेंगी, और उनका नाम राष्ट्रीय राजनीति में भी एक उल्लेखनीय व्यक्तित्व के रूप में लिखा रहेगा।